दया हो तो भग्वान श्री राम जेसी
दया हो तो भग्वान महावीर जेसी
दया से होता है इन्सान भवसागर पार
दया से मिलती सफलता अपाज
जो हरदय मे दया रखता है
वह दंभ कभी नही भरता है
जंहा दया है वंहा तप है तपस्या है
जंहा दया है वंहा धर्म है मानवता है
जंहा दया है वंहा मान है सम्मान है
जंहा दया है वंहा भक्ती है भगवान है
जंहा दया है वंहा त्याग है बलिदान है
दया जीवन का आधार है
दया धर्म द्ज मुल है
दया सद्बुधि का मार्ग है
दया मां की ममता है
लेखक - चरण दास खिची - शाहपुरा - भीलवाडा
दया धर्म का मूल है
दय मै शालीनता है
दय मै सौम्यता है
दया मै शीतलता है
दया मै नमर्ता है
दया मै प्यार है
दया मै आपनापन है
दया मै शुकून है
दय मै सरलता है
दया ईश्वर्य रूप है
दया से ही सन्सार चल रहा है
दया समाज का एक मजबूत स्तम्भ है